बड़ा है खून के रिश्ते से दर्द का रिश्ता
जो सबको अपना समझ कर कुबूल करता है
मै सुमन , एक इंसानी भाव की अभिवयक्ति हेतु यहाँ आपके साथ ........
" किसी के विश्वास से विश्वास पाकर
तुम में मेरा विश्वास और बढ गया
और तुम्हे खो देने का भय
मेरे विश्वास से डर गया
इसी नेह बंधन में सिमट कर
तुम मेरे और करीब आ गए हो
जानते हो दोस्त ।
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v.v.nice written. keep it up.
जवाब देंहटाएं[AMIT K SAGAR]